भोजन, पकवान और परोसने की कला में निपुण हुए ढबारसी के बच्चे

     

       मसूरी। आठवीं क्लास के बच्चों ने रसोई और पाकशाला के अपने हुनर से अध्यापकों और अभिभावकों को दांतो तले उंगली दबाने पर मजबूर कर दिया। गृह विज्ञान के प्रैक्टिकल में बच्चों ने विभिन्न प्रकार के लज़ीज़ व्यंजनों के माध्यम से अपने हुनर का सबूत दिया। पकवान बनाना, परोसना और उनकी आकर्षित सजावट पर अध्यापकों ने बच्चों को दिल खोलकर नंबर दिए। 
      ढबारसी स्थित कमपोज़िट विद्यालय में कक्षा आठ के बच्चों ने होम साइंस का प्रैक्टिकल किया। छात्राओं ने इस अवसर पर अपने बावर्ची ख़ाने और पाक कला का प्रदर्शन किया। छात्राओं ने छोले-भटूरे, गाजर का हलवा और रायता जैसे पकवान बना कर न केवल अध्यापकों बल्कि अपने अभिभावकों को भी दांतों तले उंगली दबाने पर मजबूर कर दिया। छात्राओं ने लज़ीज़ व्यंजनों के माध्यम से परीक्षक मंडल का भी मन मोह लिया। बच्चों ने ज़ायकेदार डिश तैयार करके उनको बेहतरीन अंदाज में परीक्षक मंडल के सामने परोसा। छात्रों द्वारा परोसे गए व्यंजनों की सजावट देखते ही बनती थी। एक अच्छे और सुलझे हुए कुक के साथ ही हुनरमंद बैरों की तरह से छात्राओं ने यहां पर अपने हुनर का प्रदर्शन किया।

विज्ञान अध्यापक डॉ० मुहम्मद सलीम ने बताया कि हालांकि बच्चों ने इस प्रैक्टिकल की संपूर्ण तैयारी अपने तौर पर की है हालांकि बच्चों को इस सम्बन्ध में उचित दिशा निर्देश दिए गए थे। विद्यालय के प्रधानाध्यापक मु० असलम ने बताया कि बच्चों को मिड-डे मील की रसोई, कुकिंग गैस और खाद्य सामग्री विद्यालय द्वारा उपलब्ध कराई गई थी। इस अवसर पर कहकशा रिज़वान, शिफ़ा हक़ीक़त, ख़ुशबू शहज़ाद, फ़रहत जुल्फ़कार, सानिया मुजफ्फर, आयशा अब्दुल्लाह, अलशिफ़ा साजिद, आयशा शाकिर, अम्रीन आरिफ़, सोफ़िया जान मुहम्मद, निदा हामिद, मनतशा शाह आलम, सुमय्या शान मुहम्मद, साद राशिद और अदनान कमालुद्दीन आदि छात्रों ने विशेष सहयोग किया।

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