ब्लॉक रज़ापुर की ईसीसीई वर्कशॉप में शिक्षकों ने जानीं छात्र के शुरुआती वर्षों में बुनियादी कौशल विकसित करने की तरकीबें
ग़ाज़ियाबाद। ज़िले के रज़ापुर ब्लॉक संसाधन केंद्र पर खण्ड शिक्षा अधिकारी सर्वेश कुमार की अध्य्क्षता में प्राथमिक विद्यालयों के नोडल शिक्षकों और आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की एक दिवसीय ई सी सी ई कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ खण्ड शिक्षा अधिकारी सर्वेश कुमार द्वारा दीप प्रज्वलन करके किया गया। खण्ड शिक्षा अधिकार ने प्रतिभागी शिक्षकों को संबोधित करते हुए कार्यक्रम की संक्षिप्त जानकारी दी।ए आर पी रेनू चौहान ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 की मुख्य बातों पर प्रकाश डालते हुए आधुनिक परिदृश्य में प्री प्राइमरी शिक्षा की आवश्यकता और कार्यशाला के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला ।
संकुल मास्टर ट्रेनर अनिता द्वारा चहक कार्यक्रम के विषय में विस्तार से बता कर भाव गीत प्रस्तुत किये गए। संकुल मास्टर ट्रेनर सबीहा सुल्तान द्वारा 12 सप्ताह की कार्ययोजना को पी पी टी प्रस्तुतिकरण के माध्य्म से समझाया गया। पूजा गौतम द्वारा 3 माह के बालवाटिका और स्कूल रेडीनेस कार्यक्रम के बारे में विस्तार से बताया गया । कार्यशाला में स्टेट रिसोर्स ग्रुप की सदस्य पूनम शर्मा द्वारा बताया गया कि छात्र के शुरुआती वर्षों में बुनियादी कौशलों को विकसित करना बहुत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि इस पुनीत कार्य के लक्ष्य प्राप्ति हेेेतु बेसिक शिक्षा विभाग व आंगनबाड़ी विभाग को मिलजुलकर ही कार्य करना होगा।
कार्यशाला के अंत में हार्ट फुलनेस मैडिटेशन संस्था के सदस्यों ने मेडिटेशन के गुर साझा किए। संस्था की ओर से बताया गया कि मेडिटेशन की समझ से बच्चों में कंसंट्रेशन की आदत को विकसित किया जा सकता है।कार्यक्रम के अंत में बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा सभी प्रतिभागियों को नए सत्र की अच्छी शुरुआत के लिये शुभकामनाएं दी गईं। ए आर पी रेनू चौहान ने कार्यशाला के समापन की घोषणा करते हुए कहा कि इस कार्यक्रम में नोडल शिक्षकों व ऑंगनबाड़ी कार्यकत्रियों सहित 120 लोगोों ने प्रतिभाग किया है। अर्चना, रीना, निरुपमा, निर्देश बाला, सपना, रेेेेनू मौलििक और राजकुमारीी आदि की प्रतिभागिता सराहनीय रही। वर्कशॉप में तकनीकी सहयोगी रमन, आरेख व रविंदर कीी भी विशेष भूमिका रही।