पीलीभीत! एडी को बंधक बनाकर धमकाने के आरोप में मुख्य पशु चिकित्साधिकारी पर रिपोर्ट
पीलीभीत। बरेली से टीम के साथ जांच करने आए पशुपालन विभाग के बरेली के अपर निदेशक (एडी) ने मुख्य पशु चिकित्साधिकारी (सीबीओ) पर कार्यालय में बंधक बनाकर धमकाने का गंभीर आरोप लगाया है। सीबीओ पर मामला भी दर्ज कर लिया गया है।
टीम सरकारी कार्य में बरती जा रही लापरवाही की जांच के लिए भेजी गई थी। पशुपालन विभाग के अपर निदेशक बरेली मंडल डॉ. जीवनलाल ने कोतवाली में दी तहरीर में बताया कि प्रमुख सचिव पशुपालन से दूरभाष पर आदेश मिला कि मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी पीलीभीत डॉ. ज्ञानप्रकाश द्वारा सरकारी कार्य में लापरवाही और लॉकडाउन के दौरान गोवंश संरक्षण की सूचनाएं समय से नहीं भेजी जा रही हैं। जो सूचनाएं भेजी जा रही है, वे भी गलत है। इसकी हकीकत जानने के लिए बुधवार दोपहर वह पीलीभीत मुख्य पशु चिकित्साधिकारी कार्यालय टीम के साथ पहुंचे। यहां कुछ कर्मचारी मौजूद थे। वह छानबीन करने को अभिलेख चेक करने लगे। इसी बीच पशु चिकित्साधिकारी डॉ. ज्ञान प्रकाश आ गए और गाली गलौज शुरू कर दी, हमलावर होने लगे। कमरे में बंद करके झगड़ना शुरू कर दिया। चेक किये जा रहे अभिलेख भी छीन लिए। किसी तरह बरेली से साथ आए कर्मचारियों ने बचाया। शाम को डीएम के पास जाकर पूरी घटना बताई। इसके बाद कोतवाली पुलिस को कार्रवाई के आदेश दिए गए। इसके बाद पुलिस ने तहरीर के आधार मुख्य पशु चिकित्साधिकारी पर धारा 342, 352, 504, 506 के तहत एफआईआर दर्ज कर ली। रिपोर्ट में यह भी आरोप है कि पशु चिकित्साधिकारी ने शिकायत करने पर परिवार समेत अपहरण की धमकी दी है।
पशु चिकित्साधिकारी डॉ. ज्ञान प्रकाश पर नामजद रिपोर्ट दर्ज की गई है। इसमें घटना दोपहर डेढ़ बजे की बताई है। जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।- श्रीकांत द्विवेदी, कोतवाल
मेरा रिटायरमेंट नजदीक है। मुझे जांच के नाम पर एक साल से परेशान किया जा रहा है। मैंने किसी को नही धमकाया। -डॉ. ज्ञान प्रकाश, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी
रिपोर्ट बृजराज सिंह