शाहजहांपुर क्षेत्र में बारिश से पर्ची सिस्टम बिगड़ा, पेराई पर लगा ब्रेक
जनपद शाहजहांपुर,,
शाहजहांपुर क्षेत्र में
बारिश से पर्ची सिस्टम बिगड़ा, पेराई पर लगा ब्रेक
बारिश से फसलों पर प्रभाव पड़ने के साथ ही चीनी मिलों में गन्ना पेराई पर भी प्रभाव पड़ा है।
, शाहजहांपुर : बारिश से फसलों पर प्रभाव पड़ने के साथ ही चीनी मिलों में गन्ना पेराई पर भी प्रभाव पड़ा है। लगातार 30 घंटे तक रुक रुक हवा के साथ हुई बारिश में किसान चीनी मिलों को गन्ना आपूíत नहीं कर सके। ठंड के कारण गन्ना छिलाई न कर पाने पर तमाम पर्चियों की गन्ना तौलाई की डेट भी निकल गई है। इससे चीनी मिलों में गन्ना पेराई ठप हो गई। नतीजतन चीनी मिलों को नुकसान उठाना पड़ा है।
चार लाख क्विंटल गन्ने की नहीं हो सकी पेराई
जनपद की पांच चीनी मिलों की पेराई क्षमता 2.59 लाख क्विटल है। चीनी मिलों में रोजाना औसतन दो लाख के करीब गन्ना पेराई की जाती है। नो केन में चीनी मिलों के बंद होने से दो दिन के भीतर चार लाख क्विटल से अधिक गन्ना पेराई कार्य प्रभावित हुआ है।
शुक्रवार दोपहर दो बजे बंद हुई रोजा, मकसूदापुर मिल
बारिश के कारण शुक्रवार को ही चीनी मिलों पर संकट आ गया। रोजा चीनी मिल में शुक्रवार को ही गन्ना खत्म हो गया। नतीजतन शुक्रवार दोपहर दो बजे चीनी मिल में पेराई बंद हो गई। इसी तरह बजाज समूह की मकसूदापुर चीनी मिल भी दो बजे बंद करनी पड़ी। शुक्रवार रात दस बजे निगोही चीनी मिल में गन्ना खत्म हो गया। जबकि तिलहर में शाम सात बजे तथा पुवायां में शुक्रवार रात 12 बजे बाद नो केन में चीनी मिल को बंद कर दिया गया।
पर्ची सिस्टम बिगड़ा, बढ़ेगी डेट
रोजाना औसतन 10 हजार किसानों को पर्ची वितरण किया जाता है। दो दिन चीनी मिलों के बंद होने से पर्ची सिस्टम भी प्रभावित हुआ। चीनी मिलों ने स्थिति से निपटने के लिए प्रति पर्ची दस दस क्विंटल तक अतिरिक्त गन्ना लाने की छूट दी है। गन्ना समितियों ने पर्ची की एक दिन की अवधि भी बढ़ा दी है।
जनपद ब्यूरो चीफ शाहजहांपुर से जितेंद्र कुमार